गोहर (मंडी)। खबर हिमाचल
नाचन क्षेत्र के दो प्रमुख धार्मिक स्थलों माता शिकारी देवी और बड़ादेव कमरुनाग की सड़कों को सुदृढ़ और चौड़ा करने को लेकर अब सरकार की कल्याण समिति ने सख्त रुख अपना लिया है। शनिवार को मंडी में उपायुक्त सभागार में आयोजित बैठक में हिमाचल प्रदेश विधानसभा की कल्याण समिति ने डीसी मंडी, लोक निर्माण विभाग के मुख्य अभियंता मंडी जोन और अधिशासी अभियंता गोहर को स्पष्ट निर्देश दिए कि इन मार्गों पर लगातार लगने वाले जाम की समस्या का स्थायी समाधान किया जाए।
विधायक विनोद कुमार ने बताया कि कल्याण समिति ने माता शिकारी देवी और बड़ादेव कमरुनाग मंदिरों का दौरा किया। दोनों मंदिरों की व्यवस्थाओं की जमीनी पड़ताल की। मंदिर कमेटियों के प्रतिनिधियों के साथ हुई बैठकों में स्थानीय जरूरतों, श्रद्धालुओं की समस्याओं और मूलभूत सुविधाओं के अभाव को लेकर चर्चा की गई।

शिकारी देवी और कमरुनाग दोनों ही मंदिर पर्यटन और आस्था के बड़े केंद्र हैं। सालभर श्रद्धालुओं और पर्यटकों का तांता लगा रहता है। संकरी और खराब सड़कों के कारण अक्सर जाम लग जाता है। इससे श्रद्धालुओं को असुविधा होती है। कल्याण समिति ने लोक निर्माण विभाग को निर्देश दिए कि मार्गों के विस्तार के लिए डीपीआर जल्द तैयार की जाए और प्राथमिकता के आधार पर काम शुरू किया जाए।
दोनों ही स्थलों पर शौचालय, पार्किंग, रेनशेल्टर, विश्राम गृह, पेयजल, सोलर लाइट जैसी बुनियादी सुविधाओं को भी प्राथमिकता से सुदृढ़ किया जाएगा। सरकार की कल्याण समिति का यह संज्ञान श्रद्धालुओं और पर्यटकों के लिए राहत का संकेत है।
निर्देशों पर गंभीरता से अमल होता है तो आने वाले समय में शिकारी देवी और कमरुनाग की यात्रा न केवल आस्था बल्कि सुविधा की दृष्टि से भी एक सुखद अनुभव बन सकेगी। उधर शिकारी देवी मंदिर समिति की बैठक के बाद मंदिर परिसर में बंद चल रहे लंगर सुविधा को खोल दिया गया है।
